2026-03-27 21:14:38
जालौन, 27 मार्च चैत्र नवरात्रि के अंतिम दिन नवमी तिथि पर देवी भक्तों ने श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ मां सिद्धदात्री की पूजा-अर्चना की। नगर सहित ग्रामीण क्षेत्रों के देवी मंदिरों में सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मंदिरों में जयकारों की गूंज और भक्ति गीतों से माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो गया। नगर के प्रमुख शक्तिपीठ बड़ी माता मंदिर, छोटी माता मंदिर, लखिया मंदिर तथा ग्राम पहाड़पुरा स्थित मां कामांक्षा देवी मंदिर पर दर्शन के लिए दिनभर श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने रोली, चंदन, फूल-मालाएं अर्पित कर मां की विधि-विधान से पूजा की। नवरात्रि के नौवें दिन मां सिद्धदात्री की विशेष पूजा का महत्व बताया गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां सिद्धदात्री चार भुजाओं वाली और सिंह पर सवार होती हैं तथा उनकी पूजा से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। घरों में जवारों की स्थापना करने वाले श्रद्धालु जवारों के घट लेकर मंदिरों तक पहुंचे। कई भक्त मुंह में सांग छेदकर आस्था का अनोखा प्रदर्शन करते नजर आए। रास्तों पर भक्त अचरी गाते हुए और जयकारे लगाते हुए मंदिरों की ओर बढ़ते रहे। महिलाएं भी सिर पर जवारों के घट रखकर भक्ति गीत गाते हुए मंदिर पहुंचीं। जगह-जगह भक्त नाचते-गाते नजर आए, जिससे पूरा क्षेत्र भक्ति के रंग में रंगा दिखा। नवरात्रि के समापन पर आस्था और उत्साह का यह अद्भुत संगम देखने को मिला।